शुभकामनाएं

रोहित कुमार… पिछले दिनों बाइक दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल 31 वर्षीय दीपक रस्तोगी पुत्र गिरीश रस्तोगी जो कि पीलीभीत से बरेली बाइक द्वारा आ रहे थे नवाबगंज के पास सामने से आती हुई बाइक से भिड़ंत हो जाने के कारण गंभीर रूप से घायल हो गए थे जिनको एंबुलेंस में राजेंद्र नगर स्थित सुशील हॉस्पिटल में लाकर भर्ती करवा दिया था और डॉक्टर द्वारा उचित जानकारी न देने के कारण उनकी हालत और गंभीर हो गई थी तत्पश्चात परिजनों ने उन्हें दूसरे निजी चिकित्सालय में भर्ती करवाया तब तक स्थिति काफी खराब हो चुकी थी तत्पश्चात परिजनों ने उसे स्थानीय क्लारा स्वैन मिशन अस्पताल में भर्ती करवा दिया था काफी दिन अस्पताल में भर्ती रहने के बाद भी उनकी हालत में कोई सुधार ना आया आखिरकार उपचार के दौरान उनकी मृत्यु हो गई विवाहित दीपक के छोटे छोटे बच्चे बिना पिता के अनाथ हो गए क्या पता था कि एक दुर्घटना में उनके पिता की मृत्यु हो जाएगी राष्ट्रीय राजमार्गों पर दुर्घटना होना भी एक अभिशाप है क्योंकि वहां पर पहले से ही मौजूद एंबुलेंस जिनके निजी अस्पतालों से कॉन्ट्रैक्ट होते हैं सीधे गंभीर घायल व्यक्ति को उठाकर निजी चिकित्सालय में पहुंचा देते हैं मोटा कमीशन खाने के लालच में एम्बुलेंस ड्राइवर मानवता को ताक पर रख देते हैं किसी व्यक्ति को अपनी जान से हाथ धोना पड़ता है